SEO keywords क्या है। और कितने प्रकार का होता है full guide in hindi

अगर आप blogger तब आपने seo keywords के बारे में ज़रूर सुना होगा | अगर आप new blogger है… तब आपको seo keywords के बारे में जानना बहुत ज़रूरी है | जितने भी successful bloggger है वो seo keyword use करते हैं | keywords search करने के बहुत से tools hai, ज़्यादातर paid है…. लेकिन यह article new bloggers के लिए है, इसलिए यहाँ मैं आपको free में keywords search करना बताऊंगा

Seo Keywordsjann होता है ?

जब लोग google पर कुछ search करते हैं जैसे – blog kaise banaye – इस title के लिए हम blog kaise keyword use कर सकते हैं |

Keywords कितने प्रकार के होते हैं ?

keywords तीन प्रकार के होते हैं

keywords –    seo, blog , gmail id

Middle keywords –    Blog kaise , seo keywords

Long tail keywords – Website kaise banaya jata hai

Google keyword planner

Google keyword planner एक free tool है, इसकी मदद से हम free में keywords search कर सकते हैं | google keyword planner google adwords का एक feature है |

Keywords कैसे search करें ?

  • google keywords planner से keyword search करने के लिए सबसे पहले अपने  Gmail account से keyword planner में login करें |

  • अब आपको इस तरह कि स्क्रीन दिखेगी | keywords search करने के लिए ” search for new keywords using a phrase, website or category ” पर click करें |

  • अब आपके सामने इस तरह के option आयेंगे | अब सबसे पहले first option में वो keyword लिखे जिसे आप search करना चाहते हैं | language aur country select करें और get ideas पर click करें |

अब आपको keywords दिखेंगे, जिस keyword की cpc अच्छी है उसे अपने post में डालें |

keywords search karne ke other tools

  • semrush

  • Longtailpro

  • Ubersuggest

  • keywordtool.io

Conclusion :

इस article के ज़रिये आप SEO Keywords के बारे में जान गये होंगे | post में keyword का use करने से ब्लॉग कि traffic और income दोनों बढती हैं |

Android kya hai kisne or kyu bnaya jane hindi me

click here..एंड्राइड दुनिया के अधिकतर मोबाइल फोन्स में इस्तेमाल किया जाने वाला सबसे प्रचलित operating system है। नोकिया, ब्लैकबेरी और एप्पल को अगर छोड़ दिया जाए तो सारे मोबाइल सेट्स इसी आपरेटिंग सिस्टम पर काम करते हैं और यह दुनिया में सबसे तेजी से प्रगति करने वाला आपरेटिंग सिस्टम है। तो तकनीकी भाषा में समझिए कि आखिर एंड्रॉयड अन्य operating system से कैसे अलग है। एंड्रॉयड की सबसे बड़ी खासियत यह होती है कि आप इसमें संशोधन (Modification) कर सकते हैं। यानी आप अपनी जरूरत के हिसाब से कोई भी बदलाव कर सकते हैं। इसके अलावा किसी अन्य ऑपरेटिंग सिस्टम में यह सुविधा नहीं होती है।

क्या है एंड्रॉयड:

दरअसल एंड्रॉयड लाइनेक्‍स आधारित मोबाइल फोन और टेबलेट के लिए तैयार किया गया operating system है। इसे गूगल ने तैयार किया है। दुनियाभर में बिकने वाले अधिकतर मोबाइल फोन इसी सिस्टम पर काम करते हैं। इस ऑपरेटिंग सिस्टम के प्रति दीवानगी का आलम यह है कि गूगल के मुताबिक यह ऑपरेटिंग सिस्टम दुनियां के लगभग 1 बिलियन से ज्‍यादा स्‍मार्ट फोन और टेबलेट में इस्तेमाल किया जा रहा है।

एंड्रॉयड का इतिहास: एंड्रॉयड एप्लीकेशन अपने नामों के कारण अक्सर चर्चा में रहता है। आपको बता दें कि 30 अप्रैल साल 2009 को एंड्रॉयड ने अपना पहला कमर्शियल वर्जन 1.5 बाजार में उतारा था जिसका नाम कपकेक रखा गया था। इसके बाद एंड्रॉयड के कई वर्जन बाजार में उतारे गए जो अपने नामों के कारण चर्चा का केंद्र रहे।

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बाजार में उतरे एंड्रॉयड के अब तक के वर्जन:

15 सितंबर 2009 को डोनेट एंड्रॉयड 1.6
26 अक्टूबर 2009 को अक्लेर एंड्रॉयड 2.0-2.1
साल 2010 एंड्रॉयड 2.2 फ्रोयो
दिसंबर 2010 जिंजर ब्रैड 2.3
साल 2011 जिंजर ब्रैड का संशोधित वर्जन 2.3.3-2.3.7
मई 2011 हनीकाम्ब 3.1
जुलाई 2011 हनीकाम्ब 3.2
दिसंबर 2011 आइसक्रीम सैन्डविच 4.0.3 और 4.0.4
साल 2012 में जैलीबीन 4.1x और 4.2x
साल 2013 में जैलीबीन 4.3.1
31 अक्टूबर 2013 में किटकैट 4.4-4.4.4, 4.4w-4.4w.2
12 नवंबर 2014 में लॉलीपाप 5.0-5.1.1
5 अक्टूबर 2015 में मार्शमैलो 6.0-6.0.1
22 अगस्त 2016 nougat 7.0

जीमेल पर फालतू ई-मेल से हैं परेशान हैं तो ऐसे करें ब्लॉक

G-mail

दुनिया में दो प्रकार के लोग होते हैं। पहले टाइप के लिए लोग किसी तकनीक का सही तरीके से यूज करते हैं और दूसरे टाइप के लोग तकनीक का इस्तेमाल किसी को परेशान करने, तबाही मचाने, किसी की जीमेल आईडी हैक करने के लिए करते हैं। यदि आप भी जीमेल पर आ रहे किसी फालतू मेल से परेशान हैं तो आप इस ट्रिक को अपना सकते हैं।
यदि आप चाहते हैं किसी खास ई-मेल आईडी से आने वाले मेल आपको दिखाई ना दें तो आप उसे आसानी से रोक सकते हैं। इसके लिए आपको कुछ ट्रिक्स अपनाने पड़ेंगे। तो चलिए जानते हैं क्या हैं वे ट्रिक्स ?
जीमेल पर कैसे करें ब्लॉक ?

1. सबसे पहले जीमेल खोलें और साइन करने के बाद सबसे ऊपर दिख रहे सर्च बार के राइट कॉर्नर पर नीले रंग के सर्च बटन के बगल में नीचे की तरह बने ऐरो पर क्लिक करें।
2. अब आपने सामने एक फ्रॉम सेक्शन खुलकर आएगा। उसमें जिस ई-मेल आईडी को ब्लॉक करना चाहते हैं उसे डालें।
3. अब आपको उस फॉर्म के नीचे राइट कॉर्नर पर क्रिऐट फिल्टर का ऑप्शन दिखेगा। उस पर क्लिक करें और डिलीट इट को चेक करें।
4. अब एक बार फिर से क्रिऐट फिल्टर पर क्लिक करें। अब उस ईमेल आईडी से आने वाले सभी मेल खुद ही ट्रैश फोल्डर में चले जाएंगे और 30 दिन बाद अपने आप डिलिट हो जाएंगे। साथ ही आपको उस आईडी से आने वाले मेल के नोटिफिकेशन नहीं मिलेंगे।
5. दूसरा तरीका ये है कि यदि आपने किसी मेल को खोला है और उसे ब्लॉक करना चाहते हैं तो उसके राइट साइड में दिख रहे डाउन एरो बटन पर क्लिक करें। अब आपको उस आईडी को ब्लॉक करने का ऑप्शन दिखेगा।
नोट- बता दें कि गूगल किसी भी ई-मेल को ब्लॉक करने की सुविधा नहीं देता है इसलिए आप उस आईडी से आने वाले मेल को ट्रैश फोल्डर में डाल सकते हैं।